उद्यमिता के क्षेत्र में सफल होने के लिए केवल शैक्षिक उपलब्धि अर्जित आवश्यक नहीं
रिपोर्ट श्रवण कुमार झा
हरिद्वार-व्यवसायिक दृष्टि से शिक्षा के स्वरूप में बदलाव एवं उपयोगिता को ध्यान में रखते हुए नई पीढ़ी को कौशल साहस एवं नवीन सोच के साथ अवसर प्रदान करना आज की प्राथमिक आवश्यकता है। गुरुकुल कांगड़ी समविश्वविद्यालय के गणित एवं सांख्यिकी विभाग में ‘हाउ टू बिकम ए गूड इंट्रेप्रन्योर एक बेसिक गाइड विषय पर अतिथि व्याख्यान का आयोजन किया गया।
कार्यक्रम का शुभारम्भ दीप प्रज्वलन एवं वैदिक मंत्राच्चार के साथ आरम्भ हुआ। विषय विशेषज्ञ के रूप में अमलेश सान्याल,प्लांट हेड,टी.ए.ए.पी.इंडिया सिडकुल,हरिद्वार ने गणित के स्नातक एवं परास्नातक छात्र/छात्राओं को संबोधित करते हुए कहा कि उद्यमिता के क्षेत्र में सफल होने के लिए केवल शैक्षिक उपलब्धि अर्जित आवश्यक नहीं है बल्कि कौशल, साहस,एवं नवीन सोच के साथ विषय की गंभीरता को क्रियान्वित किया जाना सफलता का मूल मंत्र है।प्रो.सीमा शर्मा,गणित एवं सांख्यिकी विभागाध्यक्ष ने कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए ने कहा कि इस प्रकार के कार्यक्रम छात्रों में व्यवहारिक ज्ञान वर्धन एवं कुशलता पैदा करने में सहायक होते हैं। कार्यक्रम में डा.मनोज कुमार ने विषय विशेषज्ञ अमलेश सान्याल एवं कार्यक्रम की अध्यक्षता कर रही प्रो.सीमा शर्मा पुष्पगुच्छ एवं अंगवस्त्र से सम्मान सत्कार किया।इस अवसर पर डा.निधि हाण्डा,डा.रीतू अरोड़ा,डा.सगराम वर्मा,डा.ममता,डा.सुषमा,डा.हरदीप,कमल कुमार,विशाल कुमार,दिग्विजय,अंकित एवं मंजु आदि उपस्थित रहे। कार्यक्रम का संचालन डा. अजेन्द्र कुमार ने किया तथा धन्यवाद ज्ञापन डा.हरेन्द्र कुमार द्वारा किया गया।
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