हरिद्वार-लक्सर औद्योगिक क्षेत्र को मिलेगी नई रफ्तार- त्रिवेन्द्र
कार्गाे टर्मिनलों की स्थापना को बढ़ावा देने हेतु ‘गति शक्ति मल्टी-मोडल कार्गाे टर्मिनल’ नीति लागू
रिपोर्ट श्रवण झा
देहरादून-नई दिल्ली-हरिद्वार-लक्सर औद्योगिक क्षेत्र के सैकड़ों उद्योगों की वर्षों पुरानी मांग को बड़ी सफलता मिली है।
सांसद त्रिवेन्द्र सिंह रावत द्वारा संसद में उठाए गए प्रश्न के उत्तर में केंद्र सरकार ने स्पष्ट किया है कि उत्तराखंड में ‘गति शक्ति मल्टी-मोडल कार्गाे टर्मिनल’ नीति के अंतर्गत हरिद्वार-लक्सर क्षेत्र के तीन स्थानों-पथरी,लक्सर और इकबालपुर के लिए सैद्धांतिक अनुमोदन प्रदान कर दिया गया है।रेल,सूचना एवं प्रसारण मंत्री अश्विनी वैष्णव ने अपने लिखित उत्तर में यह जानकारी दी कि निजी निवेश के माध्यम से कार्गाे टर्मिनलों की स्थापना को बढ़ावा देने हेतु ‘गति शक्ति मल्टी-मोडल कार्गाे टर्मिनल’ नीति लागू है। हरिद्वार-लक्सर क्षेत्र में प्रस्तावित टर्मिनलों में पथरी 1फुल रेक कंटेनर साइडिंग (कंटेनर यातायात की सुविधा हेतु),लक्सर 3 फुल रेक कंटेनर साइडिंग (कंटेनर यातायात की सुविधा हेतु) और इकबालपुर 2 फुल रेक लाइनें (इनवर्ड क्लिंकर एवं आउटवर्ड बैग्ड सीमेंट की ढुलाई हेतु)उन्होंने यह भी बताया कि अंतिम स्वीकृति मिलने के पश्चात एजेंसियों को 24माह के भीतर निर्माण कार्य पूर्ण करना होगा।टर्मिनलों का चयन उद्योग की मांग,संभावित कार्गाे यातायात ,उपलब्ध रेल अवसंरचना और क्षेत्र की समग्र लॉजिस्टिक क्षमता के आधार पर किया जाता है। इस महत्वपूर्ण उपलब्धि पर सांसद त्रिवेन्द्र सिंह रावत ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के दूरदर्शी नेतृत्व तथा रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव का हार्दिक आभार व्यक्त किया।उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री के नेतृत्व में‘प्रधानमंत्री गति शक्ति’के माध्यम से देश में आधुनिक लॉजिस्टिक नेटवर्क का निर्माण हो रहा है,जिसका प्रत्यक्ष लाभ अब हरिद्वार-लक्सर औद्योगिक क्षेत्र को भी मिलेगा।श्री रावत ने कहा कि इन कार्गाे टर्मिनलों की स्थापना से उद्योगों को सस्ती,तेज और पर्यावरण -अनुकूल परिवहन सुविधा मिलेगी,जिससे उत्पादन लागत में कमी आएगी,निर्यात को बढ़ावा मिलेगा तथा स्थानीय युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर सृजित होंगे। यह निर्णय उत्तराखंड को औद्योगिक एवं लॉजिस्टिक हब के रूप में सशक्त बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।
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