नाबालिग बहनों को बहला फुसलाकर देह व्यापार के मामले में दोषी को 14वर्ष कारावास की सजा
रिपोर्ट श्रवण झा
हरिद्वार- दो सगी नाबालिग बहनों को बहला फुसलाकर लाकर बंधक बनाकर देह व्यापार कराने के मामले में फ़ास्ट ट्रैक स्पेशल कोर्ट/अपर जिला जज चंद्रमणि राय ने मुख्य आरोपी को दोषी पाते हुए उसे 14वर्ष का कारावास व 16हजार रुपये के जुर्माने की सजा सुनाई है। जबकि न्यायालय ने एक महिला समेत पांच आरोपियों को साक्ष्य अभाव में दोष मुक्त कर दिया है।
शासकीय अधिवक्ता भूपेंद्र चौहान ने बताया कि 19सितंबर 2023 को एंटी ह्यूमन ट्रैफकिंग यूनिट को कोतवाली रानीपुर क्षेत्र में एक मकान में दो नाबालिग लड़कियों को देह व्यापार के लिए लाकर बंधक बनाकर रखने की सूचना मिली थी।पुलिस ने मौके पर पहुंचकर मुख्य आरोपी आलोक को पकड़कर उसके कब्जे से दो नाबालिग लड़कियों को छुड़ाया था। दोनों लड़कियों ने पुछताछ पर पुलिस को बताया था कि आरोपी आलोक उन्हें दिल्ली रेलवे स्टेशन पर मिला और नौकरी दिलाने के बहाने हरिद्वार लाया था।आरोपी आलोक व उसकी पत्नी उन्हें कमरे से बाहर नहीं निकलने देते हैं और गलत काम कराने के इरादे से इन दोनों की फोटो खींचकर भी किसी को भेजने व पैसे देने का लालच दे रहे हैं। आरोपी आलोक व उसकी पत्नी दोनों मिलकर यह काम करते हैं।उन्हें बेचने की फिराक मे लगे हुए हैं।इसके बाद पकड़े गए आरोपी की निशानदेही पर पुलिस ने चन्डी घाट पुल के पास से एक महिला पूजा समेत पांच आरोपियों को बिना कागजात की कार के साथ पकड़ा था।पकड़े गए आरोपियों ने आलोक के साथ मिलकर गलत काम कराने के लड़कियों की खरीद फरोख्त करने की बातें कबूल की थी।पुलिस ने मुख्य आरोपी आलोक पुत्र सुरेश चंद निवासी मोहल्ला काली देवी निकट रेलवे स्टेशन थाना गुमना जिला फर्रुखाबाद यूपी,पूजा पत्नी सतीश सकलानी निवासी थापा गली निकट ग्रीन वैली स्कूल सेलाकुई देहरादून,परवीन पुत्र जय भगवान निवासी सलेमपुर झबरेडा थाना नागल जिला सहारनपुर यूपी,रामकुमार पुत्र भीम सिंह निवासी ग्राम खेड़ी थाना दादरी जिला गौतमबुद्ध नगर यूपी,अनस पुत्र महमूद निवासी पिथोड़ थाना कीरतपुर जिला बिजनौर यूपी व अनवर अंसारी पुत्र सलीम अंसारी निवासी पितोरा थाना कायमगंज जिला फर्रुखाबाद यूपी के मोबाइल फोन सहित गिरफ्तार किया था।पुलिस ने सभी छह आरोपियों का संबधित धाराओं में चालान कर जेल भिजवा दिया था।वादी पक्ष ने साक्ष्य में 11 गवाह पेश किए।दोनों पक्षों को सुनने के बाद न्यायालय ने आलोक को दंडित किया है। जबकि साक्ष्य के अभाव में शेष आरोपी पूजा,प्रवीण,रामकुमार,अनस व अनवर अंसारी को दोषमुक्त करार दिया है।
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